Saturday, 18 July 2020

मौर्यकालीन स्त्रियों की स्थिति



मौर्यकाल में स्त्रियों की स्थिति-
1- स्मृति काल की तुलना में अधिक स्वायत्तता एवं सुरक्षा
2- विधवा पुनर्विवाह, पुनर्विवाह व नियोग (पति से संतान न उत्पन्न होने पर अन्य पुरुष से सहवास) की अनुमति
3- स्त्री और पुरुष दोनों को मोक्ष (वर्तमान संदर्भ में तलाक) का अधिकार
4- छंदवासिनी - वे विधवाएं जो स्वतंत्र रूप से जीवन यापन करती थीं
5- रूपजीवा - स्वतंत्र रूप से वेश्यावृत्ति करने वाली महिलाएं
6- अनिष्कासिनी - संभ्रांत कुल की स्त्रियां जो घर से बाहर नहीं निकलती थीं
7- स्त्रियों को प्रशासन में शामिल किया जाता था

@विन्ध्येश्वरी

No comments:

Post a Comment